शहडोल। जिले में जमीन की खरीद-फरोख्त में धोखाधड़ी का एक बड़ा मामला सामने आया है। सुहागपुर स्थित कीमती जमीन की रजिस्ट्री कराने के बाद खरीदार द्वारा दिए गए लाखों रुपये के चेक बैंक में बाउंस हो गए हैं। इस मामले में पीड़ित पक्ष के अधिवक्ता ने खरीदार को धारा 138 के तहत कानूनी नोटिस जारी कर 15 दिनों के भीतर भुगतान करने की चेतावनी दी है।
क्या है पूरा मामला?
प्राप्त जानकारी के अनुसार, प्रशांत गौतम निवासी ग्राम छतबई ने राजस्व ग्राम सुहागपुर स्थित खसरा नंबर 298/2/1 का हिस्सा (रकबा 0.243 हेक्टेयर) विकास सिंघानिया (निवासी बुढ़ार) को बेचने का सौदा किया था।
नोटिस के अनुसार, इस जमीन का कुल सौदा 80 लाख रुपये में तय हुआ था। जमीन की रजिस्ट्री दिनांक 28 अगस्त 2025 को निष्पादित की गई। रजिस्ट्री के दौरान विक्रय पत्र में 56 लाख रुपये का उल्लेख किया गया था, जबकि शेष 24 लाख रुपये अतिरिक्त दिए जाने थे।
चेक बाउंस का घटनाक्रम
खरीदार विकास सिंघानिया ने 56 लाख रुपये के भुगतान के लिए HDFC बैंक के कुल 6 चेक (चेक नंबर: 000029 से 000034 तक) जारी किए थे। जब विक्रेता प्रशांत गौतम ने इन चेकों को अपने बैंक (भारतीय स्टेट बैंक, शहडोल) में भुगतान के लिए लगाया, तो वे “खाते में पर्याप्त राशि न होने” के कारण बाउंस हो गए।
धोखाधड़ी का आरोप
अधिवक्ता नरेंद्र कुमार सोनी द्वारा भेजे गए नोटिस में आरोप लगाया गया है कि।
खरीदार ने जानबूझकर धोखाधड़ी की नीयत से ऐसे खाते के चेक दिए जिसमें पैसे नहीं थे।
रजिस्ट्री होने के बावजूद विक्रेता को आज तक जमीन का कोई पैसा प्राप्त नहीं हुआ है।
विक्रेता अब इस रजिस्ट्री को शून्य घोषित कराने के लिए अलग से सिविल मामला दर्ज करने की तैयारी में है।
15 दिन की मोहलत
नोटिस में स्पष्ट कहा गया है कि विकास सिंघानिया नोटिस मिलने के 15 दिनों के भीतर चेकों की राशि का नकद भुगतान कर रसीद प्राप्त कर लें। यदि निर्धारित समय में भुगतान नहीं किया जाता, तो उनके विरुद्ध न्यायालय में आपराधिक प्रकरण दर्ज कराया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी खरीदार की होगी। साथ ही, पीड़ित पक्ष ब्याज और क्षतिपूर्ति की मांग भी करेगा।
Author: सुभाष गौतम
जनहित के लिए बुलंद आवाज











