शहडोल। 12 जनवरी 2026 स्वामी विवेकानंद जी की 164वीं जयंती के अवसर पर यूनिवर्सिटी इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी आरजीपीवी शहडोल में राष्ट्रीय युवा दिवस अत्यंत गरिमामय और उत्साहपूर्ण वातावरण में मनाया गया। इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य युवाओं में अनुशासन, स्वास्थ्य और स्वामी विवेकानंद के आदर्शों के प्रति जागरूकता पैदा करना था।
योग और दौड़ से हुई कार्यक्रम की शुरुआत
दिवस का शुभारंभ निकहत खान के निर्देशन में सामूहिक सूर्य नमस्कार से हुआ। परिसर में बड़ी संख्या में उपस्थित छात्र-छात्राओं ने योग की विभिन्न मुद्राओं का प्रदर्शन कर शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य का संदेश दिया।
इसके पश्चात, सहायक प्राध्यापक बिपिन सिंह के मार्गदर्शन में ‘स्वदेशी संकल्प रन’ का आयोजन किया गया। इस दौड़ में छात्रों ने पूरे जोश के साथ हिस्सा लिया और स्वदेशी के प्रति अपना संकल्प दोहराया।
मैराथन और खेल प्रतियोगिताओं के परिणाम
मैराथन में बेहतर प्रदर्शन करने वाले विजेताओं की सूची।
प्रथम स्थान: सुषांत सिंह
द्वितीय स्थान: दीपेंद्र महरा
छात्राओं की श्रेणी
प्रथम स्थान: संचिता सेन
द्वितीय स्थान: मिताली जायसवाल
तृतीय स्थान: रूपाली वर्मा
खेल गतिविधियों की कड़ी में बैडमिंटन (मेंस डबल्स) में आयुष शुक्ला एवं प्रथमेश तिवारी की जोड़ी विजेता रही, जबकि अनुभव और मानस शर्मा की जोड़ी ने दूसरा स्थान प्राप्त किया। वहीं, बास्केटबॉल के कड़े मुकाबले में प्रभांकित द्विवेदी की टीम ने खिताबी जीत दर्ज की और गीतांशु की टीम उपविजेता रही।
विवेकानंद के विचारों को आत्मसात करने का आह्वान
कार्यक्रम के समापन सत्र को संबोधित करते हुए प्रभारी संचालक डॉ. पी. एल. वर्मा ने युवाओं को प्रेरित किया। उन्होंने कहा:
स्वामी विवेकानंद जी के विचार आज भी उतने ही प्रासंगिक हैं जितने 100 साल पहले थे। युवाओं को उनके ‘उठो, जागो और तब तक मत रुको जब तक लक्ष्य प्राप्त न हो जाए’ के संदेश को अपने जीवन का मूलमंत्र बनाना चाहिए।
इस भव्य आयोजन को सफल बनाने में सहायक प्राध्यापक बिपिन सिंह, डेनिज सूर्यवंशी और डॉ. श्रीष चंद्रवंशी का विशेष योगदान रहा। कार्यक्रम के अंत में सभी विजेताओं को सम्मानित किया गया और राष्ट्रगान के साथ उत्सव का समापन हुआ।











